第五百四十章 你来我往
    石青的儿子在梁山住了整整一个春天。

    他叫石守。

    汉话是在撒马尔罕跟着父亲学的。

    带着浓重的粟特口音。

    把说成。

    把说成。

    武还活着的时候教了他很久。

    用手指蘸着水在石桌上写字。

    从字教到字。

    他学得很慢。

    可每一个字都记得很牢。

    因为每一个字都是一段路。

    每天清晨他跟着武还上山。

    把每一块石碑上的名字描深。

    他描得很仔细。

    描完一个字就把刷子在清水里涮一涮。

    再描下一个。

    描到两个字时。

    他问:这个人是不是去过撒马尔罕?

    武还说:不曾到过。

    但他的人走到过。

    石守听不懂走到过是什么意思。

    武还便说:有人走到了。

    就是所有人都走到了。

    武还走后。

    石守没有离开。

    他一个人住在老屋里。

    每天还是上山描字。

    把武还没描完的最后几块碑描完。

    他把父亲留下的那半张羊皮地图摊在石桌上。

    又从怀里掏出自己从撒马尔罕带来的一张空白波斯纸。

    开始画一张新图。

    不是往西。

    不是往南。

    是往东。

    从梁山出发。

    沿着官道往东画。

    画到汴京。

    画到登州。

    画到海边。

    他要把整条路从头到尾画在一张图上。

    把林冲、武松走过的路。

    燕青、张清守过的路。

    慕容远、丁小哥探过的路。

    小九、武还带到地中海的路。

    石青、努比亚老人带到尼罗河的路。

    全部画在一起。

    他画了一整个夏天。

    秋天时。

    尚结赞的孙子带着新一批斥候从积石山赶来。

    把他从赤岭、撒马尔罕带来的几张新水源图拓片。

    交给石守。

    拓片上又多了几条往西延伸的支线。

    越过兴都库什山通往印度的驼道。

    沿途每一口井都标注了水量和井深。

    石守把这几张拓片的内容也补进全图里。

    图上最西边的那道线。

    又从地中海往更远处延伸了几分。

    尚结赞的孙子站在石桌旁边看他画图。

    他腰间还挂着慕容远传给他的桃木刀。

    刀柄上的二字已经被磨得更亮了。

    他说:慕容远走的时候。

    让我把今年新探的路线带回梁山。

    告诉武还西边的路还在走。

    石守说:武还不在了。

    他沉默了一会儿。

    把手按在刀柄上。

    慕容远也不在了。

    可刀还在。

    路还在。

    石守把最后一笔描完。

    将炭笔搁下。

    站起来望着后山。

    后山的石碑在秋日的斜阳下泛着青灰色的光。

    松风从后山吹过来。

    把聚义厅的匾额吹得微微晃动。

    他说:这张图画完了。

    从梁山到汴京。

    从汴京到积石山。

    从积石山到赤岭。

    从赤岭到地中海。

    从地中海到尼罗河。

    所有能找到的路都在这张图上了。

    尚结赞的孙子低头看着图上的线。

    这些路我走过一些。

    有些没有走过。

    但我知道那些路后面站着谁。

    石守便把图上每一段路后面的人名一一指给他听。

    林冲、武松,从梁山到兀剌海。

    燕青、张清,从兀剌海到斡难河。

    丁小哥、慕容远,从斡难河到昆仑山。

    小九、武还,从昆仑山到地中海。

    石青,从地中海到尼罗河。

    然后他把手指停在最西边那道支线的末端。

    望着尚结赞的孙子说。

    从这里往西。

    是你。

    尚结赞的孙子没有回答。

    他把手从刀柄上松开。

    用手指着图上最西边那几道支线。

  

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